दुनिया भर में भारत की जो छवि है वो समझने के लिए इतना ही काफी है कि आज दुनियाभर के बड़े-बड़े देश भारत में आकर व्यापार करना चाहते हैं. इस सरकार में विकास से विकसित देश होने की राह आसान हुई है. वैसे विश्वपटल पर भारत ने अपने पड़ोसी देशों के साथ-साथ पुराने दोस्त देशों से भी रिश्तों को प्रगाढ़ किया है. जिसमें रूस अहम् है. जब दुनिया को लगने लगा कि भारत अपने हितों को ध्यान में रखते हुए अमेरिका की तरफ ज्यादा झुक रहा है तो ऐसे में पीएम मोदी रूस के राष्ट्रपति से अपनी दोस्ती की परत को मजबूत करने के लिए एक दिन के लिए रूस चले गये.

पीएम मोदी और पुतिन के बेहद अच्छे दोस्त हैं (फोटो सोर्स)

पीएम मोदी को पंसद आया पुतिन का ये आईडिया

इस दौरे से उन्होंने सबको दिखाया कि भारत की मौजूदा सरकार अपने हितों को ही ध्यान में नहीं रखती बल्कि पुराने दोस्तों को वहीं सम्मान देती है जिसके वो हक़दार हैं. वैसे अगर आप ब्लादिमीर पुतिन और पीएम मोदी के बीच रिश्ते को देखेंगे तो पाएंगे कि मोदी जी पुतिन के उसआईडिया को अपनाने में नहीं कतराते जो देश हित होते हैं. पुतिन का ऐसा ही एक आईडिया, जो मोदी को बेहद पसंद आया और अब वो उसे रूस की तर्ज पर भारत में भी अपनाने जा रहे हैं.

अमर उजाला के मुताबिक मई के महीने में जब पीएम मोदी एक दिन के लिए रूस की यात्रा पर गये थे तो रूस के राष्ट्रपति पुतिन उन्हें सोच्चि के ‘सीरियस एजुकेशनल सेंटर’ लेकर गये थे. जहां होनहार छात्रों को एक विशेष ट्रेनिंग दी जाती है. इस सेंटर के बच्चों से मिलकर पीएम मोदी बेहद प्रभावित हुए थे.

सीरियस एजुकेशनल सेंटर, सोच्चि, रूस (फोटो सोर्स)

मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने शुरू किया काम

पीएम मोदी चाहते हैं कि ऐसा प्लेटफार्म भारत में भी बने, जहां टेलेंट से भरे लोगों को तराशा जाय और वो भारत का परचम पूरी दुनिया में लहराए. पीएम मोदी के सपने को पूरा करने के लिए मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने पहले चरण के काम को शुरू भी कर दिया है.

देश के लिए पीएम मोदी 18-18 घंटे काम करते हैं (फोटो सोर्स)

क्या होगा इस सेंटर में…

वैसे देखा जाय तो हर बच्चा किसी ना किसी क्षेत्र में एक विशेष गुण रखता है लेकिन सही मार्गदर्शन और तराशने की कमी से वो आगे नहीं बढ़ पाता. ऐसे में पीएम मोदी चाहते हैं कि हर किसी को मौका मिले और वो अपने हुनर से देश का नाम ऊँचा करे. पीएम मोदी रूस की तर्ज पर जो सेंटर बनाने का सपना देख रहे हैं उसमें संगीत, डांस, खेल, आइस हॉकी, विज्ञान, कला के साथ-साथ तकनीक व प्रौद्योगिकी के क्षेत्र में प्रतिभावान लोगों को कुशल किया जायेगा, यही रूस के सोच्चि के सीरियस एजुकेशनल सेंटर में भी होता है.

अब आप खुद अंदाजा लगा सकते हैं कि पीएम मोदी जिस भी देश जाते हैं वहां से भारत की तरक्की के रास्ते जरूर बनाते हैं, और वो हमेशा देश के लिए और उसकी बेहतरी के लिए सोचते रहते हैं.