भारतीय सेना एक ऐसा नाम है जिसे सुनते ही हर भारतीय का सीना गर्व से चौड़ा हो जाता है लेकिन देश में कुछ लोग ऐसे हैं जिन्होंने आर्मी पर भी सवाल उठाया था. यह भारत का दुर्भाग्य ही है कि भारत में कुछ लोग ऐसे हैं जो भारतीय सेना पर शक करते हैं, आज हम आपको भारतीय सेना के हाल ही के एक ऐसे कारनामे के बारे में बताने जा रहे हैं जिससे सुनकर आपको यकीन नहीं होगा और जिन्हें भारतीय सेना पर शक है उन्हें दिन में तारे दिख जाएंगे.

source

 

ज्ञात हो कि भारतीय सेना का एक दल “यूनाइटेड नेशन ऑर्गनाइजेशन मिशन” के तहत डेमोक्रेटिक रिपब्लिक ऑफ द कॉन्गो में तैनात है. इस सेना दल ने कुछ ऐसा किया है जिसके बारे में जानकर आपको यकीन नहीं होगा.  दरअसल कॉन्गो के पूर्वी हिस्से के न्याबिऑन्डो गांव में कुछ बच्चों को जबरदस्ती ‘चाइल्ड सोल्जर’ बनाया जा रहा था जिसकी खबर भारतीय सेना को मिल गयी. इसके बाद भारतीय सेना ने 48 घंटे के ऑपरेशन से 6 लड़के और 6 लड़कियों को बहादुरी के साथ बचाया है.

source

तैनात सेना के अधिकारियों ने बताया कि उन्हें गाँव वालों से जानकारी मिली थी कि कुछ लोग जबरदस्ती बच्चों को चाइल्ड सोल्जर बना रहे हैं, जब भारतीय सेना ने बच्चों को बचा लिया तो उन्हें बाद में चाइल्ड प्रोटेक्शन ग्रुप में भेज दिया गया. ज्ञात हो उसी दिन भारतीय सेना की एक टुकड़ी ने 200 परिवारों को मीरकी इलाके से पलायन करने से रोका था. अब उन लोगों को अक्ल मिल जानी चाहिए जो सेना पर सवाल उठाते हैं और भारतीय सेना के काम पर शक करते हैं, ये वो सेना है जो देश ही नहीं विदेश में भी अपना परचम लहराती है. एक हिन्दुस्तानी को अपनी सेना पर गर्व होना ही चाहिए. आपको बता दें इस समय दुनिया भर में 2,600 से ज्यादा भारतीय सैनिकों को यूएन मिशन के तहत तैनात किया गया है, जो कि सबसे बड़ा और सबसे जटिल संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन है.

 

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here