इस साल जिस वक्त 2018 से 19 तक का बजट पेश किया गया था उसमें यह देखा गया था कि इस बजट से देश के किसान खुश नहीं थे और उन्होंने केंद्र सरकार की जमकर आलोचना की थी. सभी किसानों का मानना था कि बजट से उन्हें किसी भी प्रकार की राहत नहीं मिली है और न उन्हें किसी भी प्रकार का मुनाफा होनें वाला है लेकिन सभी आरोपों को गलत साबित करते हुए केंद्र सरकार ने किसानों को बड़ा उपहार देने की घोषणा की है जिसके बारे में आप जानेंगे तो आप यकीन नहीं कर पाएंगे कि ऐसा भी हो सकता है क्या…

जी हाँ अमर उजाला के मुताबिक आपको बता दें कि केंद्र सरकार जल्द ही एक नीति अपनाने जा रही है जिसमें किसानों को उत्पादन लागत का डेढ़ गुना समर्थन मूल्य ज़रूर मिलेगा. इस बात की जानकारी खुद केंद्रीय कृषि मंत्री राधामोहन सिंह ने दी है. कृषि मंत्री ने यह भी बताया है कि सरकार हर राज्य के नीति आयोग के अंतर्गत आने वाले ऑफिसर्स से इस नीति के बारे में बात करेगी जिसमे विचार-विमर्श के बाद जल्द ही अहम फैसला सुनाया जायेगा.


कृषि मंत्री ने वादा किया है कि जिन फसलों का न्यूनतम समर्थन मूल्य लागत मूल्य की अपेक्षा में 50 फीसदी से अधिक नहीं होगा उनके न्यूनतम समर्थन मूल्य को जून में शुरू होने वाले खरीफ फसलों की बुवाई से पहले ऊपर की तरफ संशोधित किया जाएगा.

कृषि मंत्री यहीं नहीं रुके उन्होंने यह भी कहा कि साल 2022 तक किसानों की आय दोगुनी करने का हमारा लक्ष्य है जिसे हासिल करने के लिए हम उत्पादन की लागत को तो घटाएंगे ही साथ ही बाजार को मजबूत करने के लिए और उत्पादन के बाद इंफ्रास्ट्रक्चर को मजबूत करने के लिए मज़बूत प्रयास किए जा रहे हैं.