अटल जी की अंतिम यात्रा के दौरान “इनके” कहने पर पीएम मोदी को वापस अपनी गाड़ी में बैठना पड़ा था, जानिए वजह !

भारतरत्न अटल जी ने 16 अगस्त की शाम करीब 5 बजे आखिरी सांस ली, उनके  निधन के बाद पूरे भारत में शोक की लहर छा गयी  और हर कोई उनकी आत्मा की शान्ति के लिए प्रार्थना करने लगा. आपको बता दें 16 तारिख  की सुबह खबर आयी थी कि अटल जी बीमार हैं और इसके बाद AIMS के बाहर कई बड़े नेता पहुँच  गए. जैसे ही अटल जी के निधन की खबर आयी दिल्ली की रफ़्तार थम सी  गयी.

 

अटल जी कोई अंतिम यात्रा में पैदल चलते हुए पीएम मोदी ( IMAGE SOURCE : ANI )

अटल जी की अंतिम यात्रा के दौरान भावुक हुए पीएम मोदी ! 

बीजेपी मुख्यलालय से लेकर स्मृति स्थल तक अटल जी की अंतिम यात्रा में पीएम मोदी, अमित शाह समेत कई बड़े नेता शामिल रहे. इस यात्रा में पीएम मोदी एक बेटे की तरह अटल जी के प्रति अपना सम्मान दिखाते नज़र आये. ज्ञात हो पीएम मोदी अंतिम यात्रा के दौरान प्रोटोकॉल तोड़ते हुए पैदल चलते नज़र आये और उनके चेहरे पर अटल जी को खोने का दुःख साफ़ दिख रहा था.

पीएम मोदी ने करीब 5 किलोमीटर तक का सफर पैदल तय किया था ( iamge source ; ANI )

पैदल चल रहे पीएम मोदी की सुरक्षा को लेकर किये गए थे ख़ास इंतज़ाम ! 

पीएम की सुरक्षा करने वाले ग्रुप को SPG ( स्पेशल प्रोटेक्शन ग्रुप ) कहा जाता है,  जब SPG को इस बात की जानकारी मिली कि पीएम मोदी पैदल अंतिम यात्रा में चलेंगे तो उनके पसीने छूट गए. पीएम मोदी की सुरक्षा के लिए दिल्ली पुलिस को अलर्ट किया गया और जगह-जगह खुफिया एजेंट तैयार किये गए. जब पीएम मोदी पैदल चल रहे थे तो उनके चारों ओर भारी मात्रा में सिविल ड्र्रेस में  कुछ एसपीजी कमेंडोंस तैनात थे.

तस्वीर में देखा जा सकता है कि कैसे पीएम मोदी की सुरक्षा के लिए एसपीजी कमांडोज़ ने घेरा बनाया हुआ था ( image source : Ani )

 

इनके कहने पर पीएम मोदी को बैठना पड़ा कार में वापस ! 

अपनी कार में बैठे पीएम मोदी ( source ANI )

अंतिम यात्रा के दौरान  एक वक़्त ऐसा आया जब पीएम मोदी को वापस कार में बैठाया गया लेकिन वो कुछ देर बाद फिर चलने लगे, उनसे ऐसा करने के लिए किसी और ने नहीं बल्कि एसपीजी कमांडोज़ ने ही कहा था. पीएम मोदी की सुरक्षा को देखते हुए यह कदम उठाया गया था. आपको बता दें पीएम मोदी को कुछ देर के लिए इसलिए कार में बिठाया गया था ताकि भीड़ को काबू में रखा जा सके, ऐसा करने से सुरक्षाबलों को भीड़ की पर नियंत्रण बनाये रखने में मदद मिली थी.

पीएम मोदी के साथ अमित शाह भी काफी दूर तक चलते नज़र आये थे, अंतिम यात्रा में अटल जी को पितातुल्य मानते हुए पीएम मोदी और अमित शाह ने अपना कर्तव्य निभाया, पीएम मोदी अपने गुरु की अंतिम यात्रा पूरी कराने के तुरंत बाद केरला में बाढ़ प्रभावित इलाकों का दौरा करने निकल गए थे.  यही वजह है जो नरेंद मोदी जी को प्रधानमंत्री नहीं बल्कि प्रधानसेवक कहा जाता है. 

news source  : dainik bhaskar